Namami Gange Project in Hindi – नमामि गंगे योजना

Namami Gange Project

Namami Gange Project In Hindi के इस लेख मे आपको Namami Gange Project Details, Namami Gange Project PDF, Namami Gange Project launch Date के साथ Namami Gange Yojana Concept, Clean Ganga Project की जानकारी दी गई है। Namami Gange Yojana In Hindi की अधिक जानकारी के लिए लेख को आगे पढे।

Namami Gange Project In Hindi

नमामि गंगे योजना को जून 2014 को केन्द्र सरकार ध्वारा 20 हजार करोड़ रुपये के बजट के साथ शुरू किया गया था। Clean Ganga Project के लिए नमामि गंगे एक राष्ट्रीय मिशन है। इस योजना को हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने गंगा नदी के प्रदूषण को दूर करने की ओर नदी को पुनर्जीवित करने के लिए शुरू किया है। मोदीजी ने इस कार्य को अपना सौभाग्य माना है।

गंगा नदी हमारे देश की राष्ट्रीय नदी मानी जाती है। इस नदी का राष्ट्रीय तोर पर जितना महत्व नहीं है उतना इसका महत्व धार्मिक तोर पर माना जाता है। हमारे देश मे गंगा को केवल नदी नहीं बल्कि माँ माना जाता है। इतना महत्व होने के बावजूद आज गंगा नदी की हालत बहोत ही खराब है। वेसे तो आगे की सरकारो ने गंगा नदी को प्रदूषण मुक्त करने के प्रयास किए है लेकिन अबकी सरकार ने गंगा नदी के लिए एक योजना का निर्माण किया और एक अलग विभाग का प्रावधान किया है।

NMCG को एक योजना नहीं मानना चाहिए, क्योकि गंगा नदी एक नदी नहीं बल्कि हमारे देश के 42 % आबादी की जीवादोरी समान है। अगर गंगा नदी ही प्रदूषित है तो साथ मे इस नदी के पानी का उपयोग करने वाले सारे लोगो को भी इसकी असर होने वाली है। तो हमे इस योजना को केवल सरकार का कर्तव्य नहीं बल्कि व्यक्तिगत तोर पर हमारी ज़िम्मेदारी मानकर सफल बनाने के प्रयास करने चाहिए।

NMCG के अंतर्गत गंगा नदी को स्वच्छ करना ओर साथ ही उसको प्रदूषण मुक्त करना ही इस योजना का मुख्य आशय है। इस योजना के अंतर्गत सरकार ध्वारा गंगा घाट के कस्बो और शहरो के लोगो को सम्मेलित किया गया है ओर उन्हे इस योजना को सफल बनाने के लिए सहयोग करने की विनती की है।

Namami Gange Project launch Date

इस योजना को 12 अगस्त 2011 को  राष्ट्रीय गंगा नदी बेसिन अथॉरिटी (NBRBA) के रूप मे लागू किया गया था लेकिन 7 अक्टूबर 2016 को EPA 1986 के तहत इसको बंद कर दिया गया और इसके स्थान पर अधिनियम का.आ. 3187(अ) को लागू किया जिसके तहत गंगा नदी में पर्यावरण प्रदूषण की रोकथाम, नियंत्रण और कमी के उपाय के लिए राष्ट्रीय, राज्य और जिला स्तर पर पांच स्तरीय संरचना की परिकल्पना की गई है ताकि गंगा नदी को फिर से जीवंत करने के लिए पानी का निरंतर पर्याप्त प्रवाह सुनिश्चित किया जा सके।

Namami Gange Project Details

  • नमामि गंगे योजना का मुख्य उद्देश्य गंगा नदी की सफाई (Clean Ganga) करना है।
  • इस योजना के अंतर्गत आने वाले मुख्य भारत के पांच राज्य उत्तराखण्ड, झारखंड, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और बिहार गंगा नदी के पथ में आते हैं।
  • साथ ही सहायक नदियों के कारण इस योजना के अंतर्गत हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, छत्तीसगढ़ और दिल्ली के कुछ हिस्सों को भी सामील किया गया है।
  • NMCG के तहत वर्ष 2020 तक 20 हज़ार करोड़ रुपए खर्च करने की तैयारी रखी गई है।
  • NMCG के अंतर्गत बेहतर और टिकाऊ परिणाम हासिल करने के लिये इस योजना में अहम् बदलाव करते हुए गंगा नदी के किनारे बसे लोगों को Clean Ganga Project में शामिल किया गया है।
  • नमामि गंगे योजना के तहत देशभर में विभिन्‍न स्‍थानों पर 231 परियोजनाओं की शुरूआत की गई है।
  • इन परियोजनाओं में घाटों का नवीनीकरण, गंदे नालो की सफाईविकास, वृक्षारोपण एवं जैव विवि‍धता संरक्षण शामिल हैं।
  • NMCG Project के अंतर्गत गंगा के किनारे 8 जैव विविधता संरक्षण केंद्रों का विकास किया जाएगा, जो ऋषिकेश, देहरादून, नरोरा, इलाहाबाद, वाराणासी, भागलपुर, साहिबगंज और बैरकपुर में स्‍थापित किए जायेंगे।
  • इस योजना को रफ्तार देने के लिये इसके तहत आने वाली सभी गतिविधियों और परियोजनाओं का सम्पूर्ण खर्च ओर देखरेख केन्द्र सरकार कर रही है।
  • नमामि गंगे योजना के तहत Clean Ganga Project ध्वारा नदी के प्रदूषण को कम करने का प्रयास किया जाएगा।
  • इस योजना के तहत प्रदूषण को रोकने और नालियों से बहने वाले कचरे के शोधन और उसे नदी से दूसरी ओर मोडऩे जैसे कदम उठाए जाएंगे।
  • कचरा और गंदे नाले के लिये नई तकनीक की व्यवस्था की जाएगी।
  • इस योजना का सामाजिक-आर्थिक लाभ भी होगा और इससे रोज़गार सृजन होने की उम्मीद है।
  • NMCG योजना की सफलता से लोगों की जीविका का स्तर सुधरेगा और नदी किनारे रहने वाली बड़ी आबादी के स्वास्थ्य को भी फायदा पहुँचेगा।
  • नमामि गंगे योजना कई चरणों में पूरी होगी। क्योकि सहायक नदियों की सफाई भी इसकी एक प्रमुख गतिविधि होगी।
  • इस योजना के अंतर्गत योजना को सफल बनाने के लिए अधिकारियों को उन शहरों का भी प्रबंधन करना होगा जहां से यह नदी गुजरती है और औधोगिक कंपनीया अपना अपशिष्ट और कचरा इसमें डालती हैं।
  • नमामि गंगे योजना का सबसे बड़ा मुद्दा नदी की लंबाई है। यह 2,500 KM की दूरी का आवरण करने के साथ ही 29 बड़े शहर, 48 कस्बे और 23 छोटे शहर इस योजना मे सम्मेलित हो जाते है।
  • इससे अलावा नदी का भारी प्रदूषण स्तर और औधोगिक कंपनीयों का अपशिष्ट और कचरा और आम जनता के द्वारा डाला गया कचरा भी एक मुद्दा है।
  • गंगा में जहा ज्‍यादा प्रदूषण है वहां पीपीपी/एसपीवी के जरिये गंगा की सफाई की कामगिरी की जाएगी।
  • इस योजना के प्रारंभिक स्तर की गतिविधियों के अंतर्गत गंगा नदी की ऊपरी सतह की सफाई से लेकर बहते हुए ठोस कचरे की समस्या को हल किया जाएगा।
  • इस योजना के अंतर्गत सबसे पहले ग्रामीण क्षेत्रों की सफाई से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की नालियों से आते मेले पदार्थ को रोकना।
  • इस योजना के अंतर्गत जहा शौच का ठोस कचरा नदी मे आता होगा वहा शौचालयो का निर्माण कर सिवेज की सुविधा की जाएगी।
  • गंगा नदी के किनारो पर स्मशान गृह का नवीनीकरण, आधुनिकीकरण और निर्माण किया जाएगा, क्योकि आंशिक रूप से जले हुए शव को नदी में बहाने से रोका जा सके।
  • इस योजना के अंतर्गत गंगा नदी के किनारो पर लोगो और नदी के बीच सबंध को बेहतर करने के लिए घाटों के निर्माण, मरम्मत और आधुनिकीकरण का लक्ष्य भी निर्धारित हे।

NMCG Project को तीन स्तर पर लागू किया जाएगा।

  1. प्रथम स्तर
  2. दूसरा स्तर
  3. तीसरा स्तर

प्रथम स्तर

  • नदी की उपरी सतह की सफ़ाई से लेकर बहते हुए ठोस कचरे की समस्या को हल करना।
  • ग्रामीण क्षेत्रों की सफ़ाई से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की नालियों से आते मैले पदार्थ (ठोस एवं तरल) को रोकना ओर उसके निकाल के लिए सही व्यवस्था करना।
  • शौचालयों का निर्माण करना।
  • शवदाह गृह का नवीकरण, आधुनिकीकरण से निर्माण करना, ताकि अध-जले या आंशिक रूप से जले हुए शव को नदी में बहाने से रोका जा सके।
  • गंगा नदी के किनारे लोगों और नदियों के बीच संबंध को बेहतर करने के लिए घाटों के निर्माण, मरम्मत और आधुनिकीकरण करना।

दूसरा स्तर

  • नदी में नगर निगम और उधोगों से आने वाले कचरे की समस्या को हल करने पर ध्यान दिया जाएगा।

तीसरा स्तर

  • गंगा के किनारे स्थित ज्यादा प्रदूषण फैलाने वाले उधोगों को गंदे पानी की मात्रा कम करने या इसे पूर्ण तरीके से समाप्त करने के निर्देश दिए जाएगे।
  • इसके लिए सभी श्रेणी के उधोगों को विस्तृत विचार-विमर्श के साथ समय-सीमा दे दी जाएगी।
  • इन तीन स्तरो के अलावा जैव विविधता संरक्षण, वनीकरण (वन लगाना), और पानी की गुणवत्ता की निगरानी के लिए भी कदम उठाए जाएगे।
  • महत्वपूर्ण प्रतिष्ठित प्रजातियों जैसे – गोल्डन महासीर, डॉल्फिन, घड़ियाल, कछुए, ऊदबिलाव आदि के संरक्षण के लिए कार्यक्रम शुरू किये जाएगे।
  • ‘नमामि गंगे योजना’ के तहत नदी के जलवाही स्तर की वृद्धि, नदी के बहाव से होने वाले कटाव कम करने और नदी के पारिस्थितिकी तंत्र की स्थिति में सुधार करने के लिए 30,000 Hq भूमि पर वन लगाये जाएंगे।

Namami Gange Yojana Concept

  1. नदी के सतह की सफाई
  2. गंदे नालो की सफाई कर उनका यांत्रिकरण ओर आधुनिकरण करना
  3. नदी मे आने वाले उधोगों के गंदे पानी को रोकना और उस पर निगरानी रखना
  4. जन जागरूकता लाना
  5. नदी के तट के विस्तारों का विकास करना
  6. नदी मे जैव विविधता संरक्षण
  7. गंगा ग्राम” के तहत नदी के पास के इलाको को इस अभियान मे सामील करना
  8. नदी के पास के इलाको मे वनीकरण करना

Namami Gange Project PDF

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NMCG Web Portal

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प्यारे पाठक आपको Namami Gange Project In Hindi लेख मे हमने योजना के उद्देश्य की जानकारी प्रदान की है। हमे इस योजना से अपने मन से जुड़ना होगा, क्योकि गंगा नदी केवल एक नदी नहीं बल्कि हमारे देश की धरोहर है और हमे देश की इस धरोहर को बचाने के लिए किसी योजना का सहारा लेना पड़े ये हमारे लिए शर्म की बात है। हमारे लिए गंगा नदी का महत्व एक देवी के रूप मे है, गंगा नदी पुराणो से भारत का हृदय रही है। हमे अपने देश की इस जीवाडोरी को बचाना होगा।

जो भी इस लेख को पढ़ रहा है उसे केवल गंगा नदी के लिए नहीं बल्कि अपने विस्तार के किसी भी भौगोलिक स्थान के लिए स्वच्छता का कदम उठाना चाहिए। साथ ही मन मे यह निश्चय करना चाहिए की खुद या किसी ओर को कचरा या गंदकी फैलाने से रोकना है।

हमे साथ मिलकर इसकी समज लोगो तक पहुचानी होगी, तभी हमारा देश स्वच्छ ओर स्वस्थ बनेगा। जब तक आम आदमी अपनी ज़िम्मेदारी नहीं समजेगा तब तक कोई भी सरकार या उसकी योजना सफल नहीं होने वाली। हमारा फर्ज जितना हमारे परिवार के प्रति है उतना ही हमारे देश के प्रति भी है, यह हमे भूलना नहीं चाहिए।

आप अपने प्रतिभाव देने के लिए और अन्य सरकारी योजना की जानकारी के लिए हमे COMMENT करके संपर्क कर सकते है।

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